सिंधु समर कैंप का समापन समारोह आयोजित

जोधपुर। सिंधी समाज की सांस्कृतिक विरासत, भाषा और परंपराओं को नई पीढ़ी तक पहुंचाने के उद्देश्य से आयोजित 15वें निशुल्क सिंधु समर कैंप का समापन समारोह मंगलवार को चौपासनी हाउसिंग बोर्ड के 9 सेक्टर स्थित सिंधु महल में आयोजित किया गया। यह शिविर सिंधी वेलफेयर एंड मेडिकल सोसायटी तथा छती देवी एवं लेखूमल पारवानी की स्मृति में संयुक्त तत्वावधान में आयोजित किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ अतिथियों द्वारा भगवान झूलेलाल की प्रतिमा के समक्ष दीप प्रज्ज्वलित कर किया गया।

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जोधपुर। सिंधी समाज की सांस्कृतिक विरासत, भाषा और परंपराओं को नई पीढ़ी तक पहुंचाने के उद्देश्य से आयोजित 15वें निशुल्क सिंधु समर कैंप का समापन समारोह मंगलवार को चौपासनी हाउसिंग बोर्ड के 9 सेक्टर स्थित सिंधु महल में आयोजित किया गया। यह शिविर सिंधी वेलफेयर एंड मेडिकल सोसायटी तथा छती देवी एवं लेखूमल पारवानी की स्मृति में संयुक्त तत्वावधान में आयोजित किया गया।

कार्यक्रम का शुभारंभ अतिथियों द्वारा भगवान झूलेलाल की प्रतिमा के समक्ष दीप प्रज्ज्वलित कर किया गया। शिविर के अध्यक्ष कन्हैयालाल टेवानी एवं उपाध्यक्ष दिनेश भंबानी ने बताया कि समापन समारोह में बच्चों ने सिंधी संस्कृति से ओतप्रोत रंगारंग प्रस्तुतियां देकर सभी का मन मोह लिया। बच्चों ने ‘लाल झूलेलाल’, ‘अल्ला जे छा में राजी आहे’ तथा ‘सिंधी माला वसन’ जैसे गीतों पर मनमोहक नृत्य एवं सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए, जिनकी दर्शकों ने खूब सराहना की।

समारोह में सिंधी संस्कृति, भाषा और परंपराओं के संरक्षण में योगदान देने वाले कार्यकर्ताओं एवं शिविर से जुड़े सहयोगियों का सम्मान भी किया गया। इस अवसर पर देवेंद्र जोशी, श्री प्रेम प्रकाश आश्रम के संत संत जीतू राम, किशोर पारवानी तथा कमल पारवानी सहित अन्य अतिथियों ने कार्यकर्ताओं को प्रतीक चिन्ह प्रदान कर सम्मानित किया।

कैंप कोऑर्डिनेटर राजकुमार परनामी ने बताया कि शिविर के दौरान बच्चों को सिंधी भाषा, लोकगीत, धार्मिक परंपराओं, नैतिक मूल्यों तथा सांस्कृतिक गतिविधियों का प्रशिक्षण दिया गया। शिविर का उद्देश्य नई पीढ़ी को अपनी जड़ों और सांस्कृतिक पहचान से जोड़ना रहा।

समापन समारोह में समाज के अनेक गणमान्य नागरिक, समाजसेवी, शिक्षाविद, अभिभावक एवं बड़ी संख्या में बच्चे उपस्थित रहे। कार्यक्रम के दौरान सिंधी संस्कृति की समृद्ध परंपराओं की झलक देखने को मिली। अंत में आयोजकों ने सभी प्रतिभागियों, अभिभावकों एवं सहयोगकर्ताओं का आभार व्यक्त करते हुए भविष्य में भी ऐसे आयोजन जारी रखने का संकल्प लिया।

 
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Author
Rajendra Harsh
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