मीराबाई चानू ने रचा इतिहास, कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में भारत को दिलाया पहला स्वर्ण

ग्लासगो। भारतीय स्टार भारोत्तोलक मीराबाई चानू ने एक बार फिर देश का नाम रोशन करते हुए कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में इतिहास रच दिया। उन्होंने महिलाओं के 48 किलोग्राम भारवर्ग में शानदार प्रदर्शन करते हुए स्वर्ण पदक अपने नाम किया। इस जीत के साथ भारत का ग्लासगो कॉमनवेल्थ गेम्स में स्वर्ण पदकों का खाता खुल गया। उनकी जीत के बाद पूरे देश में खुशी की लहर दौड़ गई। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मीराबाई चानू को बधाई देते हुए कहा कि उन्होंने एक बार फिर शानदार प्रदर्शन कर भारतीय भारोत्तोलन के गौरव को नई ऊंचाई दी है।

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ग्लासगो। भारतीय स्टार भारोत्तोलक मीराबाई चानू ने एक बार फिर देश का नाम रोशन करते हुए कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में इतिहास रच दिया। उन्होंने महिलाओं के 48 किलोग्राम भारवर्ग में शानदार प्रदर्शन करते हुए स्वर्ण पदक अपने नाम किया। इस जीत के साथ भारत का ग्लासगो कॉमनवेल्थ गेम्स में स्वर्ण पदकों का खाता खुल गया।

मीराबाई चानू का मुकाबले में प्रदर्शन पूरी तरह एकतरफा रहा। उन्होंने स्नैच में 85 किलोग्राम और क्लीन एंड जर्क में 105 किलोग्राम वजन उठाकर कुल 190 किलोग्राम का भार उठाया। इस प्रदर्शन के साथ उन्होंने नए कॉमनवेल्थ गेम्स रिकॉर्ड भी बनाए और प्रतिद्वंद्वियों पर बड़ी बढ़त हासिल की।

इस उपलब्धि के साथ मीराबाई चानू ने कॉमनवेल्थ गेम्स में लगातार तीसरी बार स्वर्ण पदक जीतने का ऐतिहासिक कारनामा किया। वहीं यह उनके करियर का चौथा कॉमनवेल्थ गेम्स पदक है, जिससे वह भारत की सबसे सफल भारोत्तोलकों में शामिल हो गई हैं।

उनकी जीत के बाद पूरे देश में खुशी की लहर दौड़ गई। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मीराबाई चानू को बधाई देते हुए कहा कि उन्होंने एक बार फिर शानदार प्रदर्शन कर भारतीय भारोत्तोलन के गौरव को नई ऊंचाई दी है। उन्होंने कहा कि मीराबाई की उपलब्धि देश के हर खिलाड़ी और युवा के लिए प्रेरणा है।

मीराबाई चानू की यह सफलता उनके कठिन परिश्रम, अनुशासन और निरंतर उत्कृष्ट प्रदर्शन का परिणाम है। ग्लासगो में जीता गया यह स्वर्ण पदक न केवल भारत के अभियान की शानदार शुरुआत है, बल्कि आने वाले मुकाबलों के लिए भारतीय दल का मनोबल भी बढ़ाएगा। खेल प्रेमियों को अब अन्य भारतीय खिलाड़ियों से भी पदकों की उम्मीद है, जबकि मीराबाई ने एक बार फिर साबित कर दिया कि वे भारतीय भारोत्तोलन की सबसे भरोसेमंद और सफल खिलाड़ियों में से एक हैं।

 
 
 
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Author
Rajendra Harsh
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