मंगलवार, 27 अक्टूबर 2026 05:54 AM

घायल भारतीय कैप्टन ने बचाई 174 यात्रियों की जान

दुबई। दुबई से तेल अवीव जा रही फ्लाईदुबई की फ्लाइट FZ1073 में 30 सितंबर को उस समय हड़कंप मच गया, जब कॉकपिट में एक पायलट ने भारतीय कैप्टन स्मित मच्छार पर हमला कर दिया। हमले में गंभीर रूप से घायल होने के बावजूद कैप्टन मच्छार ने हिम्मत नहीं हारी और हमलावर का मुकाबला किया। उनकी सूझबूझ और साहस के चलते विमान में सवार 174 यात्रियों की जान बच सकी। गंभीर रूप से घायल कैप्टन मच्छार ने संघर्ष करते हुए कॉकपिट का दरवाजा खोल दिया। इसके बाद यात्रियों और क्रू सदस्यों ने कॉकपिट में पहुंचकर हमलावर को काबू करने में मदद की। विमान में मौजूद अतिरिक्त फ्लाइट क्रू ने नियंत्रण संभाला और विमान को सऊदी अरब के ताबुक एयरपोर्ट पर सुरक्षित इमरजेंसी लैंडिंग कराई गई। घटना में कैप्टन मच्छार और सह-पायलट दोनों को अस्पताल ले जाया गया।

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दुबई। दुबई से तेल अवीव जा रही फ्लाईदुबई की फ्लाइट FZ1073 में 30 सितंबर को उस समय हड़कंप मच गया, जब कॉकपिट में एक पायलट ने भारतीय कैप्टन स्मित मच्छार पर हमला कर दिया। हमले में गंभीर रूप से घायल होने के बावजूद कैप्टन मच्छार ने हिम्मत नहीं हारी और हमलावर का मुकाबला किया। उनकी सूझबूझ और साहस के चलते विमान में सवार 174 यात्रियों की जान बच सकी।

घटना उस समय हुई, जब विमान दुबई से तेल अवीव जा रहा था। रिपोर्टों के अनुसार, सह-पायलट ने कैप्टन मच्छार पर चाकू से हमला किया और विमान के नियंत्रण को प्रभावित करने की कोशिश की। विमान अचानक तेजी से नीचे आने लगा। फ्लाइट ट्रैकिंग के अनुसार विमान करीब 33 हजार फीट की ऊंचाई से कुछ ही समय में लगभग 17 हजार फीट तक नीचे आ गया। विमान से पहले सामान्य आपातकाल और बाद में अनधिकृत हस्तक्षेप का संकेत देने वाला कोड प्रसारित किया गया।

गंभीर रूप से घायल कैप्टन मच्छार ने संघर्ष करते हुए कॉकपिट का दरवाजा खोल दिया। इसके बाद यात्रियों और क्रू सदस्यों ने कॉकपिट में पहुंचकर हमलावर को काबू करने में मदद की। विमान में मौजूद अतिरिक्त फ्लाइट क्रू ने नियंत्रण संभाला और विमान को सऊदी अरब के ताबुक एयरपोर्ट पर सुरक्षित इमरजेंसी लैंडिंग कराई गई। घटना में कैप्टन मच्छार और सह-पायलट दोनों को अस्पताल ले जाया गया।

घटना के बाद कैप्टन मच्छार के साहस की अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सराहना हुई। इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने उनके असाधारण साहस का उल्लेख करते हुए कहा कि गंभीर रूप से घायल होने के बावजूद उन्होंने प्रतिरोध किया, कॉकपिट का दरवाजा खोलने में सफलता हासिल की और यात्रियों तथा क्रू को हमलावर पर काबू पाने का मौका दिया।

हालांकि शुरुआती रिपोर्टों में हमले में इस्तेमाल हथियार को लेकर चाकू और विमान के क्रैश-एक्स के अलग-अलग दावे सामने आए हैं। घटना के कारण और हमले के पीछे की मंशा की आधिकारिक जांच जारी है।

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Author
Rajendra Harsh
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