सतर्क लोको पायलट की सजगता से टला बड़ा रेल हादसा

जोधपुर, 3 जून। उत्तर पश्चिम रेलवे मुख्यालय में मंगलवार को आयोजित संरक्षा एवं कार्य समीक्षा बैठक में रेल सुरक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने वाले कर्मचारियों को सम्मानित किया गया। इस अवसर पर उत्तर पश्चिम रेलवे के महाप्रबंधक अमिताभ ने जोधपुर मंडल के लोको पायलट रामप्रकाश जाखड़ को उनकी सतर्कता, सूझबूझ और त्वरित कार्रवाई के लिए सम्मानित किया।

 

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जोधपुर, 3 जून। उत्तर पश्चिम रेलवे मुख्यालय में मंगलवार को आयोजित संरक्षा एवं कार्य समीक्षा बैठक में रेल सुरक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने वाले कर्मचारियों को सम्मानित किया गया। इस अवसर पर उत्तर पश्चिम रेलवे के महाप्रबंधक अमिताभ ने जोधपुर मंडल के लोको पायलट रामप्रकाश जाखड़ को उनकी सतर्कता, सूझबूझ और त्वरित कार्रवाई के लिए सम्मानित किया।

रेलवे अधिकारियों के अनुसार 3 मई 2026 को जाजीवाल-बनाड़ ब्लॉक सेक्शन में ट्रेन संचालन के दौरान लोको पायलट रामप्रकाश  जाखड़ ने डाउन लाइन के किलोमीटर 604/10-8 पर रेलवे ट्रैक पर एक पेड़ गिरा हुआ देखा। स्थिति की गंभीरता को समझते हुए उन्होंने बिना समय गंवाए ट्रेन को तत्काल रोक दिया, जिससे संभावित दुर्घटना टल गई।

इसके बाद उन्होंने सुरक्षा मानकों का पालन करते हुए लोको की फ्लैशर लाइट चालू की और डाउन लाइन पर पटाखे लगाकर अन्य ट्रेनों के लिए चेतावनी व्यवस्था सुनिश्चित की। साथ ही ट्रेन मैनेजर और कंट्रोल कार्यालय को घटना की सूचना देकर आवश्यक कार्रवाई शुरू करवाई।

सूचना मिलने के बाद सहायक लोको पायलट (एएलपी), ट्रेन मैनेजर, इंजीनियरिंग विभाग के कर्मचारियों तथा स्थानीय राहगीरों की मदद से ट्रैक पर गिरे पेड़ को हटाने का कार्य किया गया। सभी संबंधित कर्मचारियों के समन्वित प्रयासों से अवरोध को सुरक्षित रूप से हटाकर रेलवे लाइन को यातायात के लिए पुनः तैयार किया गया। ट्रैक पूरी तरह साफ और सुरक्षित होने के बाद ट्रेन संचालन बहाल किया गया।

बैठक में अधिकारियों ने बताया कि यदि समय रहते पेड़ की पहचान नहीं होती और ट्रेन को नहीं रोका जाता तो गंभीर दुर्घटना की आशंका से इनकार नहीं किया जा सकता था। लोको पायलट की सजगता और कर्तव्यनिष्ठा ने यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

महाप्रबंधक अमिताभ ने रामप्रकाश जाखड़ के कार्य की सराहना करते हुए कहा कि उनका यह कदम रेल संरक्षा के प्रति समर्पण, जिम्मेदारी और पेशेवर दक्षता का उत्कृष्ट उदाहरण है। उन्होंने कहा कि ऐसे कर्मचारी रेलवे की सुरक्षा संस्कृति को मजबूत बनाते हैं और अन्य कार्मिकों के लिए प्रेरणा का स्रोत हैं।

रेलवे प्रशासन ने भी इस घटना को सतर्कता और समय पर निर्णय लेने की मिसाल बताते हुए कर्मचारियों से सुरक्षा मानकों के प्रति इसी प्रकार सजग रहने का आह्वान किया।

 
 
 
 
 
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Author
Rajendra Harsh
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